पुलिस आफिसर के जीवन में आलू की खेती ने किया कमाल


Time : 8/5/2013

बनासकांठा | आलू की खेती कर पुलिस आफिसर ने लोगों को कृषि में नया पाठ पढाया है| गुजरात में पुलिस ऑफिसर पार्थी चौधरी ने आलू की खेती कर किसानों के लिए आर्थिक सबलता का मानो मंत्र दिया हो|

 

एंटी करप्शन ब्यूरो के पुलिस ऑफिसर पार्थी चौधरी ने गुजरात के पालनपुर तालुका में मार्च 2010 में अपनी नौ हेक्टेयर जमीन में औसतन 87 टन प्रति हेक्टेयर आलू उगाए थे। आलू की खेती उन्होंने कृषि वैज्ञानिकों के परिक्षण में कराई| जिससे उन्हें घाटे का सामना न करना पड़ा| पार्थी चौधरी के मुताबिक आलू की ये उपज पूरे देश में सबसे ज्यादा थी। गौर करने वाली बात ये है कि गुजरात में औसत उपज जो देश में सबसे अच्छी मानी जाती है, वो भी चौधरी की उपज के मुकाबले एक तिहाई है।



गुजरात में कॉन्ट्रैक्टफार्मिंग तेजी से फ़ैल रही है और इसका फायदा किसानों को मिल रहा है। पार्थी चौधरीने अपनी खेती पर करीबन बावन लाख रुपये व्यय किये थे जिसके बदले में चार महीनों में उन्हें डेढ़ करोड़ का फायदा हुआ| चौधरी ने कहा कि उन्होंने आलू की खेती वैज्ञानिक तरीके से की| साथ ही खेती में कृषि वैज्ञानिकों की सहायता ली| खासकर मैक्कैन (McCain)के कृषि विशेषज्ञों की इसमें काफी बडी भूमिका रही है|

 

 

मैक्कैन अपने आप में एक बहुतबड़ा नाम है जो अपने नाम पर आलू के पदार्थ बेचता है| साथ ही फूड चेन मैकडॉनल्ड की भी पूर्ति करता है| गौरतलब है कि कंपनी ने राज्य के किसानों को ‘फव्वारा सिंचाई’ पद्धतीसे अवगत कराया| जिससे खादऔर पानी दोनों की बचत होती है और अधिक मात्र में लाभ मिल सकता है| यह कंपनी किसानों से उनकी उपज खरीदने का जिम्मा लेती है| जिससे किसान उपज को बेचने से चिंतामुक्त हो जाते है|

 

संबंधित जानकारी




 



comments powered by Disqus

Total Hits
web counter